"पवित्र पावन समय" पर दिल्ली विधानसभा में अतीशी के व्यवहार एवं पंजाब में भगवंत मान के बयानों एवं वीडियो से सिख भावनाएं आहत : चुग
Chandigarh News: भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री तरुण चुग ने कहा कि आम आदमी पार्टी का नेतृत्व लगातार सिख धर्म की आस्था, परम्पराओं और मर्यादाओं के विरुद्ध आचरण करता हुआ सामने आ रहा है। चुग ने कहा कि पंजाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान द्वारा सिख धर्म के सिद्धांतों और पवित्र परम्पराओं को लेकर दिए गए बयान तथा सामने आए वीडियो सिख समाज की भावनाओं को गहराई से आहत करने वाले हैं। उन्होंने कहा कि सिखों के पवित्र गोलक को लेकर भगवंत मान की टिप्पणी न केवल दुर्भाग्यपूर्ण है, बल्कि यह सिख मर्यादाओं के प्रति AAP की असंवेदनशील और अपमानजनक सोच को उजागर करती है।
चुग ने कहा कि यह कोई अकेली घटना नहीं है, बल्कि AAP नेतृत्व का एक लगातार दोहराया जाने वाला व्यवहार है, जिसमें सिख आस्था और धार्मिक मूल्यों को राजनीतिक सुविधा के अनुसार निशाना बनाया जाता रहा है। उन्होंने कहा कि पंजाब में चल रहे इन घटनाक्रमों के बीच दिल्ली विधानसभा में सिख गुरुओं के संदर्भ में जो हुआ, उसने AAP की मानसिकता को और स्पष्ट कर दिया है।
तरुण चुग ने कहा कि दिल्ली विधानसभा में अतीशी का व्यवहार सिख गुरुओं के प्रति घोर अपमानजनक है और इसने हर नैतिक और संवैधानिक मर्यादा को लांघ दिया है। उन्होंने कहा कि “पवित्र पावन समय” में विधानसभा जैसे संवैधानिक मंच पर इस प्रकार का आचरण सिख समाज की धार्मिक भावनाओं को आपराधिक तरीके से ठेस पहुंचाने वाला है, जिसे किसी भी रूप में उचित नहीं ठहराया जा सकता।
चुग ने कहा कि इन सभी घटनाओं की गंभीरता इसलिए और बढ़ जाती है क्योंकि यह समय सिखों के दशम पातशाह श्री गुरु गोबिंद सिंह जी की 350वीं जयंती का है। यह वह पावन अवसर है, जब सिख समाज धर्म, मानवता और राष्ट्र की रक्षा के लिए गुरुओं द्वारा दिए गए सर्वोच्च बलिदानों को स्मरण करता है। ऐसे पवित्र समय में गुरुओं और सिख परम्पराओं का अपमान करना एक गंभीर और अक्षम्य अपराध है।
तरुण चुग ने कहा कि आम आदमी पार्टी अब सिख आस्थाओं के अपमान का पर्याय बन चुकी है। उसके इस आचरण से न केवल पंजाब के सिख, बल्कि देश और दुनिया में बसे सिख पंजाबी डायस्पोरा में भी गहरा आक्रोश है। उन्होंने कहा कि AAP नेतृत्व बार-बार यह साबित कर रहा है कि उसे न आस्था की समझ है और न ही परम्पराओं का सम्मान।
चुग ने आम आदमी पार्टी, अतीशी और भगवंत मान से सिख समुदाय से बिना शर्त सार्वजनिक माफी की मांग करते हुए कहा कि धार्मिक भावनाओं को आहत करने जैसे आपराधिक कृत्यों को राजनीति या विधानसभा विशेषाधिकार की आड़ में सामान्य नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि सिख समाज इस अपमान को कभी नहीं भूलेगा और पूरा देश देख रहा है कि AAP किस तरह बार-बार आस्था, इतिहास और उन पवित्र मूल्यों का अपमान कर रही है, जो भारत को एक सूत्र में बांधते हैं।
(For more news apart from Insulting the Gurus reflects AAP's deep disrespect and animosity towards Sikh faith: Chugh news in hindi, stay tuned to Rozanaspokesman Hindi)